चिकित्सा मंत्री ने ली जालोर, बाड़मेर, पाली और सिरोही जिलों की समीक्षा बैठक बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों के लिए धन की कोई कमी नहीं चिकित्सा विभाग से जुडे़ प्रस्ताव तत्काल होंगे स्वीकृत
जयपुर। चिकित्सा मंत्री कालीचरण सराफ
ने कहा कि बाढ़ प्रभावित जिलों में
राहत कार्यों के लिए धन की कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित जिलों से चिकित्सा विभाग
संबंधित़ जो भी प्रस्ताव प्राप्त होंगे, उन्हें
तत्काल स्वीकृत कर दिया जाएगा। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि उपलब्ध बजट खर्च कर नए प्रस्ताव भेज
दें और बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत पहुंचाने में किसी तरह की कोताही नहीं हो।
सराफ रविवार को जालोर जिला कलेक्ट्रेट
सभागार में बाढ़ प्रभावित जिलों बाड़मेर,
जालोर, सिरोही
और पाली में चिकित्सा विभाग तथा पशुपालन से जुड़ी व्यवस्थाओं की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों को लेकर बेहद गंभीर
है और राहत कार्यों को सर्वोच्च प्राथमिकता
दे रही है।
बाढ़ प्रभावित जिलों में 187 नए डॉक्टरों की नियुक्ति
चिकित्सा मंत्री ने कहा कि बाढ़ प्रभावित जिलों में अब डॉक्टरों की कोई कमी
नहीं रहेगी। उन्होंने बताया कि चारों जिलों
में मेडिकल ऑफिसर तथा विशेषज्ञ चिकित्सक
सहित कुल 187 नए डॉक्टरों की नियुक्ति कर दी गई है।
इनमें से करीब 70 प्रतिशत डॉक्टरों ने पदस्थापन स्थान पर
ज्वाइनिंग दे दी है। उन्होंने कहा
कि यदि 12 अगस्त तक कोई डॉक्टर ज्वाइन नहीं करेगा
तो उसके स्थान पर वेटिंग
लिस्ट से नए डॉक्टरों का पदस्थापन कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि जालोर में 37, बाड़मेर में 65, सिरोही में 22 तथा पाली में 63 नए डॉक्टर लगाए गए हैं।
कलेक्टर आवश्यकता के अनुसार कर सकेंगे
डॉक्टरों का पदस्थापन
सराफ ने कहा कि बाढ़ प्रभावित जिलों के
हर क्षेत्र में डॉक्टरों की संख्या समान रहे, इसके लिए जिला कलेक्टरों को अधिकृत कर
दिया गया है कि वे हर क्षेत्र
की आवश्यकता के अनुसार डॉक्टरों को पदस्थापित कर सकेंगे ताकि उपलब्ध संसाधनों का समुचित उपयोग हो और
रोगियों को तुरंत राहत मिल सके। उन्होंने
बाड़मेर के चौहटन में स्त्री रोग विशेषज्ञ तथा सिवाना में दो विशेषज्ञ चिकित्सक 3 दिन में नियुक्त करने के निर्देश दिए। उन्होंने बताया कि पैरामेडिकल स्टाफ की भी कोई कमी
नहीं रहेगी। शीघ्र ही 2400 कार्मिकों की नियुक्ति हो जाएगी। साथ ही 2650 एएनएम
की भर्ती भी अंतिम चरण में है।
जालोर में 20 अतिरिक्त
मेडिकल टीम के आदेश
सराफ ने कहा कि बाढ़ प्रभावित चारों
जिलों में त्वरित राहत के लिए कुल 234 मेडिकल टीमों को
लगाया है,जो लगातार इन क्षेत्रों में लोगों की
स्क्रीनिंग कर रही है। अब
तक 87 हजार 457 लोगों
की स्क्रीनिंग की गई है।जिला कलेक्टर श्री एल.एन. सोनी ने जब बैठक में जालोर के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों की दुर्गमता और विकटता से अवगत करवाया तो
चिकित्सा मंत्री ने जालोर में तत्काल 20 अतिरिक्त
मेडिकल टीम लगाने के आदेश दिए।
क्षतिग्रस्त स्वास्थ्य केंद्रों की
मरम्मत के प्रस्ताव भेजें
चिकित्सा मंत्री ने बताया कि बाढ़ प्रभावित चारों जिलों में चिकित्सा सुविधाओं
के लिए एक करोड़ रूपए से अधिक का अतिरिक्त
बजट स्वीकृत किया गया है। उन्होंने कहा कि इसके अतिरिक्त भी बजट की आवश्यकता हो तो सीएमएचओ शीघ्र
प्रस्ताव बनाकर भेज
दें।इन प्रस्तावों को प्राथमिकता से स्वीकृत किया जाएगा।उन्होंने कहा कि बाढ़ के दौरान अगर कोई स्वास्थ्य
केंद्र क्षतिग्रस्त हुआ है तो उसकी मरम्मत के प्रस्ताव भी शीघ्र भिजवा दें।
चारों जिलों में प्रचुर मात्रा में
दवाइयां उपलब्ध
बैठक में चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के निदेशक वी.के. माथुर ने बताया कि बाढ़ प्रभावित जिलों में कीटनाशक
पायरेथ्रम, टेमीफोस, आरडीटी
किट, ब्लीचिंग पाउडर, क्लोरिन
टेबलेट, ओआरएस पैकेट एवं अन्य दवाइयां प्रचुर मात्रा में उपलब्ध है। साथ ही चारों
में 26 चिकित्सक एवं 27 पैरामेडिकल स्टाफ अन्य जिलों से लगाया गया है।
उन्होंने बताया कि चारों जिलों में फोगिंग एवं एंटी लार्वा गतिविधियां भी नियमित रूप से संचालित की जा
रही है।
चिकित्सा मंत्री ने किया अस्पतालों का
निरीक्षण
बैठक से पहले चिकित्सा मंत्री सराफ ने जालोर के जिला अस्पताल तथा मातृ एवं शिशु कल्याण केंद्र का निरीक्षण कर
व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अस्पताल के विभिन्न वार्डों,लैब,आईसीयू,मुख्यमंत्री निःशुल्क दवा केंद्र आदि का अवलोकन किया और आवश्यक निर्देश
दिए।
